Massive Fire in Under-Construction Ayushman Tower at SMS Hospital Jaipur, Major Tragedy Averted
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जयपुर के SMS अस्पताल में निर्माणाधीन आयुष्मान टॉवर में लगी भीषण आग, कोई जनहानि नहीं!

Massive Fire in Under-Construction Ayushman Tower at SMS Hospital Jaipur

Massive Fire in Under-Construction Ayushman Tower at SMS Hospital Jaipur, Major Tragedy Averted

जयपुर, 29 जनवरी: Fire Breaks Out in Ayushman Tower Jaipur: राजधानी जयपुर के सवाई मानसिंह (SMS) अस्पताल परिसर में निर्माणाधीन आयुष्मान टॉवर में बुधवार सुबह अचानक भीषण आग लग गई। यह आग टॉवर की चौथी मंजिल पर तारों के बंडलों में लगी, जिससे पूरे टॉवर में धुआं फैल गया। राहत की बात यह रही कि टॉवर अभी पूरी तरह तैयार नहीं था, जिससे कोई जनहानि नहीं हुई। हालांकि, आग लगने के बाद अस्पताल परिसर में अफरातफरी मच गई।

फायर ब्रिगेड की तत्परता से टला बड़ा हादसा

आग लगने की सूचना सुबह 10:20 बजे घाटगेट कंट्रोल रूम को मिली। तुरंत फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और तेजी से आग पर काबू पाया। शुरुआत में आग से उठे धुएं ने 22वीं मंजिल तक फैलकर भयावह माहौल बना दिया। करीब 2 किलोमीटर दूर तक धुआं नजर आ रहा था। फायर ब्रिगेड के अधिकारी दीपक चंद ने बताया कि टॉवर के बेसमेंट में लिफ्ट की वेल्डिंग का काम चल रहा था, उसी दौरान वहां रखे फाइबर में आग लग गई। इसके बाद धुआं लिफ्ट के रास्ते पूरे टॉवर में फैल गया। हालांकि, आग सिर्फ बेसमेंट और कबाड़ तक ही सीमित रही।

आग के कारणों की जांच जारी

अस्पताल प्रशासन की ओर से आग लगने के कारणों पर अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। हालांकि, मौके पर मौजूद अधिकारियों ने कहा कि टॉवर निर्माणाधीन होने के कारण ज्यादा नुकसान नहीं हुआ। प्रशासन ने घटना की जांच शुरू कर दी है।

आयुष्मान टॉवर से जुड़ी अहम बातें

आयुष्मान टॉवर का निर्माण कांग्रेस सरकार के दौरान शुरू हुआ था और इसे पहले आईपीडी टॉवर नाम दिया गया था। सरकार बदलने के बाद इसका नाम बदलकर आयुष्मान टॉवर कर दिया गया और इसे पीपीपी (पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप) मॉडल पर संचालित करने की योजना बनाई जा रही है। इस टॉवर के निर्माण पर सरकार 600 करोड़ रुपए खर्च कर रही है, लेकिन इसके सुचारू संचालन के लिए हर महीने 100 करोड़ रुपए की जरूरत होगी।

फिलहाल प्रशासन यह पता लगाने में जुटा है कि आग लापरवाही के कारण लगी या फिर कोई तकनीकी खामी थी।